योजना से पहले ग्राम साल्हे में पेयजल की समस्या ग्रामीणों की रोजमर्रा की जिंदगी का हिस्सा थी। सुबह की शुरुआत ही पानी की चिंता से होती थी। महिलाओं और बालिकाओं को दूर स्थित हैंडपंप एवं कुओं से पानी लाने के लिए कई चक्कर लगाने पड़ते थे। गर्मी के दिनों में जलस्तर गिरने से परेशानी और बढ़ जाती थी। पानी की व्यवस्था में महिलाओं का अधिकांश समय निकल जाता था, जिसका असर परिवार के अन्य कार्यों तथा बच्चों की पढ़ाई पर भी पड़ता था। दूषित पानी के कारण मौसमी एवं जलजनित बीमारियों की समस्या भी बनी रहती थी।
ग्राम साल्हे की महिलाओं के लिए घर में नल से पानी पहुंचना किसी बड़ी सुविधा से कम नहीं है। अब उन्हें पानी भरने के लिए दूर नहीं जाना पड़ता। घर के आंगन में नल की टोंटी से स्वच्छ एवं सुरक्षित पानी मिलने से रोजमर्रा के काम आसान हो गए हैं। पानी लाने में बचने वाले समय का उपयोग महिलाएं परिवार की देखभाल और आजीविका से जुड़े कार्यों में कर पा रही हैं। वहीं बालिकाओं को भी पानी लाने के बजाय नियमित रूप से स्कूल जाने और पढ़ाई के लिए अधिक समय मिल रहा है।
आज ग्राम साल्हे का परिदृश्य पूरी तरह बदल चुका है। घर-घर नल कनेक्शन के माध्यम से पेयजल उपलब्ध होने से ग्रामीणों को पानी के लिए भटकना नहीं पड़ता। स्वच्छ पेयजल की उपलब्धता से स्वास्थ्य संबंधी परेशानियों में कमी आई है और ग्रामीणों में स्वच्छता, जल संरक्षण तथा पेयजल गुणवत्ता के प्रति जागरूकता भी बढ़ी है। जल जीवन मिशन ने ग्राम साल्हे में केवल नल और पाइपलाइन नहीं पहुंचाई, बल्कि ग्रामीणों के जीवन में सुविधा, स्वास्थ्य, समय की बचत और आत्मसम्मान का नया संचार किया है। हर घर जल की यह पहल जनभागीदारी के साथ ग्रामीण जीवन में बदलाव की एक प्रेरक मिसाल बन रही है। इस योजना के लिए ग्रामवासियों ने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आभार व्यक्त किया।
0 Comments